राम सीता विवाह, कोहबर घर

मिथिला में विवाह सबसे जीवंत और हर्षोल्लास से भरा संस्कार है। मिथिला में इसकी शुरुआत सिद्धांत से होती है जब वर और कन्या पक्ष मिलकर विवाह की तिथि और शर्तें तय करते हैं, और द्विरागमन पर पूर्ण होती है—जब वधू पहली बार ससुराल जाती है।

आज भी विवाह पारंपरिक रीति से मनाया जाता है। परिछन, कोहबर, डहकन और समदौन जैसे अनेक गीत गाए जाते हैं, जबकि कोजगरा और मधुश्रावणी जैसे पर्व विवाह के पहले वर्ष को और भी उल्लासपूर्ण बना देते हैं।

गीतों में

विवाह

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